रोशनी पाण्डेय – सह सम्पादक
रुद्रपुर- विधुत विभाग के एक अधिकारी सहित चार लोगों के खिलाफ थाना ट्रांजिट कैंप पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज की है। एक व्यक्ति ने विधुत विभाग की मिलीभगत से अपने बिजली कनेक्शन को दूसरे के नाम पर संबंधित करने का आरोप लगाया है। ट्रांजिट कैंप के रहने वाले ओम प्रकाश ने कोर्ट को दिए प्रार्थना पत्र में कहा कि सतेन्द्र शर्मा और रेखा देवी उसके मकान में किराए पर रहते हैं। जून के महीने में सतेन्द्र शर्मा ने उसके आधार कार्ड की जिरोक्स कापी लेकर उस पर उसके हस्ताक्षर करा लिए और कहा कि वह बैंक में खाता खोलना चाहता है, जिसके लिए आधार कार्ड की आवश्यकता है। जिसके बाद तीस जून 2021 को सतेन्द्र शर्मा ने रमेश चंद्र व विपिन कुमार के साथ मिलकर फर्जी शपथपत्र तैयार किया और एक झूठा विक्रय पत्र भी बनवा लिया। जिसके जरिए उसने फर्जी हस्ताक्षर कर विधुत विभाग की मिलीभगत से उसके नाम का विधुत कनेक्शन कटवा दिया।
पीड़ित का आरोप है कि फरवरी 2021 को उसने बिजली बिल जमा किया था लेकिन बाद में लाकडाउन के कारण बिल जमा नहीं कर सका। ओम प्रकाश का आरोप है कि उत्तराखंड पावर कारपोरेशन लिमिटेड ने बिना किसी जांच पड़ताल के ही उसके नाम के विधुत कनेक्शन को सतेन्द्र के नाम स्थानांतरित कर दिया। इसके अलावा फर्जी कागजों के जरिए उसका मकान भी हड़प लिया। इसकी सूचना पुलिस को दी गई।
लेकिन पुलिस ने सतेन्द्र के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की। जिसके बाद उसने न्यायालय की शरण ली। थाना कैंप पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर सतेन्द्र, रेखा, रमेशचंद्र, और विपिन कुमार के साथ ही विधुत विभाग के सहायक उप खंड अधिकारी के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया है।

















