सलीम अहमद साहिल – सवाददाता
रामनगर के सरकारी अस्पताल में चिकित्सकों पर उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा काटते हुए पुलिस को तहरीर सौंपी। आपको बता दें कि मोहल्ला खताडी निवासी रूखसाना नाम की महिला जो की गर्भवती थी इस महिला को उपचार के लिए परिजन गुरुवार की सुबह रामनगर के सरकारी अस्पताल लाए थे। महिला के परिजनों का कहना है कि पूरे दिन चिकित्सकों ने परिजनों से कहा कि नॉर्मल डिलीवरी हो जाएगी लेकिन शाम को अचानक महिला की हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया जहां रामनगर के एक निजी अस्पताल में महिला को उपचार के लिए ले जाया गया चिकित्सकों ने बताया कि बच्चे की मौत हो चुकी है और महिला की हालत गंभीर बनी हुई है।

इसके बाद इस महिला को रामनगर के प्राइवेट अस्पताल से रेफर कर दिया गया महिला का उपचार काशीपुर के एक निजी अस्पताल में चल रहा है जहां उसकी हालत अभी भी चिंताजनक बनी हुई है महिला के परिजनों ने सरकारी अस्पताल में तैनात चिकित्सकों पर महिला के उपचार में लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा काटा सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने आक्रोशित लोगों को शांत कराया। प्रदेश सरकार ने रामनगर के सरकारी अस्पताल में मरीजों को बेहतर सुविधाएं देने को लेकर इस अस्पताल को पीपीपी मोड पर दिया था जब से अस्पताल पीपीपी मोड पर गया है तब से लगातार मरीजों के उपचार में लापरवाही के मामले सामने आ रहे हैं।

तथा कई लोग अपनी जान भी खो चुके हैं क्षेत्र के लोगों ने सरकार से इस अस्पताल को पीपीपी मोड से हटाकर सरकारी तंत्र में चलाने की मांग को लेकर कई बार आंदोलन भी किया है। लेकिन सरकार भी वर्तमान अस्पताल प्रशासन पर कोई कार्यवाही नहीं कर पा रही है। वही मामले में पीड़ित महिला के परिजनों ने लापरवाह चिकित्सकों के खिलाफ कार्यवाही को लेकर कोतवाली पुलिस को तहरीर सौंपी है





