जनपद में शस्त्र लाइसेंस पर बड़ी कार्रवाई, 827 लाइसेंस एक साथ निरस्त।
उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक
देहरादून। जनपद में अवैध और निर्धारित मानक से अधिक शस्त्र रखने वालों के खिलाफ जिला प्रशासन ने अब तक की सबसे सख्त कार्रवाई की है। गृह मंत्रालय भारत सरकार एवं उत्तराखण्ड शासन के निर्देशों के तहत प्रशासन ने एक साथ 827 शस्त्र लाइसेंस निरस्त कर दिए हैं। इस कार्रवाई से जिले में शस्त्र नियंत्रण व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
गृह मंत्रालय द्वारा आयुध (संशोधन) नियम–2019 के तहत आयुध अधिनियम 1959 की धारा-3 में संशोधन कर एक व्यक्ति द्वारा रखे जाने वाले शस्त्रों की अधिकतम सीमा तीन से घटाकर दो निर्धारित की गई है। इसी के अनुपालन में उत्तराखण्ड शासन ने सभी जिलों को निर्देश दिए थे कि निर्धारित सीमा से अधिक शस्त्र रखने वाले लाइसेंस धारकों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया जाए।
शासन के निर्देशों के क्रम में जिला प्रशासन देहरादून द्वारा 26 अप्रैल 2025 को ऐसे सभी शस्त्र लाइसेंस धारकों को नोटिस जारी किए गए थे, जिनके पास दो से अधिक शस्त्र पाए गए। निर्धारित समयावधि में अतिरिक्त शस्त्र जमा न कराने और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर प्रशासन ने लाइसेंस निरस्तीकरण की कार्रवाई की।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को प्राथमिकता देते हुए आगे भी शस्त्र लाइसेंसों की समीक्षा जारी रहेगी तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कदम उठाए जाएंगे।


