प्लाईवुड उद्योग में क्यूसीओ अनुपालन को बढ़ावा देने को BIS देहरादून की उद्योग बैठक।
उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक
काशीपुर। भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस), देहरादून द्वारा शुक्रवार को काशीपुर में प्लाईवुड एवं लकड़ी आधारित उत्पादों से जुड़े उद्योगों के लिए एक उद्योग बैठक का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य प्लाईवुड एवं लकड़ी आधारित उत्पादों के लिए लागू गुणवत्ता नियंत्रण आदेश (क्यूसीओ) के प्रावधानों के प्रति उद्योग को जागरूक करना तथा भारतीय मानकों के अनुपालन को प्रोत्साहित करना रहा।
बैठक को संबोधित करते हुए बीआईएस देहरादून के प्रमुख एवं निदेशक सौरभ तिवारी ने कहा कि उत्पादों की गुणवत्ता, सुरक्षा और विश्वसनीयता सुनिश्चित करने में बीआईएस की अहम भूमिका है। उन्होंने उद्योग प्रतिनिधियों से उपभोक्ता हितों की सुरक्षा और निष्पक्ष व्यापार को बढ़ावा देने के लिए क्यूसीओ प्रावधानों का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में यूके–यूपी प्लाईवुड एसोसिएशन के प्रतिनिधि श्री संदीप गुप्ता एवं श्री आदित्य अग्रवाल ने उद्योग से जुड़े अनुभव साझा किए। वहीं वुड टेक्नोलॉजिस्ट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष मनोज ग्वारी ने भी बैठक में सहभागिता की। उल्लेखनीय है कि दोनों संस्थाएं बीआईएस की तकनीकी समितियों से जुड़ी हैं और भारतीय मानकों के निर्माण एवं पुनरीक्षण में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं।
तकनीकी सत्र में लकड़ी प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ एवं बीआईएस तकनीकी समिति के पूर्व सदस्य पुष्पेंद्र सिंघल ने प्लाईवुड उद्योग की वर्तमान चुनौतियों, नवीन तकनीकी विकास एवं उभरते रुझानों पर प्रकाश डाला। इसके साथ ही बीआईएस के संयुक्त निदेशक श्री सचिन चौधरी ने प्रमाणीकरण प्रक्रियाओं, अनुरूपता मूल्यांकन आवश्यकताओं और नवीन दिशानिर्देशों पर विस्तृत प्रस्तुति दी।
इस उद्योग बैठक में 50 से अधिक उद्योग हितधारकों—निर्माताओं, तकनीकी विशेषज्ञों एवं संबद्ध क्षेत्रों के प्रतिनिधियों—ने भाग लिया। बैठक के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि उत्पाद गुणवत्ता सुधार, नियामकीय अनुपालन और उद्योग के सतत विकास के लिए बीआईएस एवं उद्योग संगठनों के बीच सामूहिक प्रतिबद्धता बनी हुई है।
बीआईएस ने दोहराया कि वह जागरूकता कार्यक्रमों, तकनीकी मार्गदर्शन और सहयोगात्मक पहलों के माध्यम से प्लाईवुड एवं लकड़ी आधारित उत्पादों के क्षेत्र में भारतीय मानकों और क्यूसीओ के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु निरंतर सहयोग करता रहेगा।


