अपराध कहीं भी करो, हिसाब यहीं होगा, ट्रैक्टर से खूनी खेल खेलने वाले को एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने 4 घंटे में सिखाया कानून का सबक, सलाखों के पीछे पहुँचा हमलावर, अवैध तमंचा भी बरामद, वाहन सीज।
उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक
नैनीताल जनपद के कालाढूंगी क्षेत्र में पुरानी रंजिश के चलते कार सवार युवक को ट्रैक्टर से कुचलने की कोशिश करने वाले आरोपी को पुलिस ने महज 12 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त ट्रैक्टर के साथ एक अवैध तमंचा भी बरामद किया गया है।
मंजूनाथ टीसी के निर्देशन में कोतवाली कालाढूंगी पुलिस ने चकलुवा क्षेत्र में हुई इस सनसनीखेज घटना का तेजी से खुलासा किया।
👉 क्या है पूरा मामला
31 मार्च 2026 की रात करीब 9:30 बजे हिमांशु देऊपा (निवासी लच्छमपुर, चकलुवा) अपनी नई कार से पहाड़ी ढाबा चकलुवा पहुंचे थे। इसी दौरान प्रवीण सिंह देऊपा (निवासी प्रतापपुर) ने पुरानी रंजिश के चलते अपने ट्रैक्टर से उनकी कार को बार-बार टक्कर मारते हुए जानलेवा हमला कर दिया।
इस हमले में कार सवार हिमांशु और उसका एक साथी घायल हो गए। घटना के बाद आरोपी गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गया।
👉 पुलिस की त्वरित कार्रवाई
पीड़ित की तहरीर के आधार पर कोतवाली कालाढूंगी में FIR संख्या 29/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल टीमें गठित कर सीसीटीवी सर्विलांस और मैनुअल इंटेलिजेंस के जरिए आरोपी की तलाश शुरू की।
👉 12 घंटे में गिरफ्तारी
01 अप्रैल 2026 को पुलिस टीम ने नैनीताल रोड से आरोपी प्रवीण सिंह देऊपा को गिरफ्तार कर लिया। उसके कब्जे से घटना में प्रयुक्त ट्रैक्टर और एक अवैध .315 बोर तमंचा बरामद हुआ। अवैध असलहा रखने के मामले में आरोपी के खिलाफ शस्त्र अधिनियम के तहत अलग से मुकदमा दर्ज किया गया है।
👉 विवाद की वजह
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि दोनों पक्षों के बीच पहले से खनन सामग्री को लेकर विवाद चल रहा था, जिसके चलते इस घटना को अंजाम दिया गया।
👉 SSP का सख्त संदेश
एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने स्पष्ट कहा कि जनपद में कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। जानलेवा हमले और अवैध असलहा रखने वालों के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” नीति के तहत सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
👉 पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र में कानून व्यवस्था को लेकर भरोसा मजबूत हुआ है।







