

त्योहारों से पहले मिलावटखोरों पर शिकंजा, हल्द्वानी-कालाढूंगी-रामनगर में खाद्य विभाग की ताबड़तोड़ छापेमारी।
उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक
हल्द्वानी/रामनगर। रक्षाबंधन और जन्माष्टमी से पहले मिलावटखोरों पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। जिलाधिकारी नैनीताल के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीमों ने 26 अगस्त को हल्द्वानी ग्रामीण, कालाढूंगी और रामनगर समेत कई क्षेत्रों में खाद्य प्रतिष्ठानों पर छापेमारी और निरीक्षण अभियान चलाया। कार्रवाई के दौरान खाद्य पदार्थों के विधिक एवं सर्वे नमूने लिए गए, जिन्हें जांच के लिए राज्य खाद्य विश्लेषण प्रयोगशाला, रुद्रपुर भेजा जा रहा है।
हल्द्वानी और कालाढूंगी क्षेत्र में खाद्य विनिर्माण इकाइयों एवं प्रतिष्ठानों की जांच की गई। इस दौरान जीरा पेय पदार्थ, सॉस, काजू, नूडल और अरहर दाल के नमूने संकलित किए गए। विभाग की टीम ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के साथ-साथ खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन की भी जांच की।
कालाढूंगी में अभियान के दौरान एडीएम नैनीताल (प्रशासन) विवेक राय, सहायक आयुक्त/अभिहित अधिकारी अजब सिंह रावत और वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी अभय कुमार सिंह सहित विभागीय टीम मौजूद रही।
रामनगर के चिलकिया क्षेत्र में खाद्य सुरक्षा अधिकारी असलम खान के नेतृत्व में चार खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। इस दौरान जगदीश आटा मिल से आटा तथा मित्तल इंटरप्राइजेज, शिवलालपुर से गरम खड़ा मसाला समेत अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए।
उधर, हल्द्वानी ग्रामीण क्षेत्र में वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी नन्दकिशोर के नेतृत्व में अभियान चलाया गया। यहां वनस्पति, दूध और घी के विधिक नमूने लिए गए। इसके अलावा खोया, बर्फी, चाशनी, मोतीचूर और रसगुल्ला के सर्वे नमूने भी जांच के लिए संकलित किए गए।
मिलावट मिली तो होगी कड़ी कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा विभाग ने साफ किया है कि त्योहारी सीजन को देखते हुए यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। जांच में मिलावट अथवा खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
विभाग की लोगों से अपील
विभाग ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि त्योहारों के दौरान मिठाई, दूध से बने उत्पाद और अन्य खाद्य सामग्री खरीदते समय उनकी गुणवत्ता, स्वच्छता, पैकेजिंग और लेबलिंग अवश्य जांचें। किसी खाद्य पदार्थ में मिलावट या अन्य अनियमितता की आशंका होने पर इसकी सूचना खाद्य सुरक्षा विभाग को देने की अपील की गई है।




















