गांव के बीचों बीच खुलने जा रहे क्रेशर का ग्रामीणों ने किया विरोध।

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रोशनी पाण्डेय – सह सम्पादक

आज रामनगर के कंदला गांव के सैकड़ों ग्रामीणों ने क्षेत्र में लग रहे स्टोन क्रेशर के विरोध में रामनगर उपजिलाधिकारी कार्यालय के बाहर विरोध प्रदर्शन करते हुए की नारेबाजी। आज रामनगर के ग्राम सभा कंदला तहसील रामनगर में खुल रहे स्टोन क्रेशर का सैकड़ों ग्रामीणों ने रामनगर तहसील परिसर में पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान ग्रामीणों ने कहा कि स्टोन क्रेशर खनन स्टक आदि बनाये जाने की कार्रवाई गतिमान है। जिसमें हम ग्राम वासियों को घोर आपत्ति है। उन्होंने कहा कि गांव का एकमात्र संकरा रास्ता है और उक्त जगह पर कई मकान है। जिसमें कई ग्रामीण रहते हैं और ग्रामीणों के बच्चे उसी के पास में स्कूल में जाते हैं, इसलिए उन्होंने कहा कि स्टोन क्रेशर बनाए जाने पर रोक लगनी चाहिए. उन्होंने कहा कि हम समस्त ग्रामवासी इसका विरोध करते हैं।

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रामनगर क्षेत्र में स्टोन क्रेशर लगाने को लेकर कई जगह पूर्व में भी विरोध देखा गया वहीं आज कंदला के ग्रामीणों ने क्षेत्र में स्टोन क्रेशर का विरोध करते हुए कहा कि जिस स्टोन क्रेशर का निर्माण होना है वो आबादी के बीचो-बीच है. ग्रामीणों ने कहा जिस स्थान पर स्टोन केसर का निर्माण होना है वहां पर कृषि भूमि और भवन है, जो जल मग्न हो सकते हैं, ग्रामीणों ने कहा कृषि ग्राम वासियों की जीविका का एकमात्र साधन है. उन्होंने कहा स्टोन केसर संचालित होने से कृषि भूमि पूर्ण रूप से नष्ट हो जाएगी।

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जहां स्टोन केसर का निर्माण किया जा रहा है वहां पास में ही प्राथमिक विद्यालय और ग्राम पंचायत है सरकारी नाला एवं सिंचाई की गुल है ग्रामीणों ने कहा कि अगर यह स्टोन क्रेशर खुलता है तो सैकड़ों ग्रामीण 10 मार्च के बाद आंदोलन के लिए बाध्य होंगे जिसकी पूर्ण जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी गौरव चटवाल के नाम तहसीलदार विपिन चंद्र पंत को ज्ञापन सौंपा।

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