विगत लंबे समय से गुमशुदा व्यक्ति की सकुशल बरामदगी मैं हल्द्वानी पुलिस ने निभाई मित्रता मिशाल (गुमशुदा के सकुशल मिलने पर परिजनों के छलक आए खुशियों के आंसू)।

ख़बर शेयर करें -

उधम सिंह राठौर  – प्रधान संपादक 

कोतवाली हल्द्वानी के चौकी राजपुरा क्षेत्र से विगत एक वर्ष से अधिक समय से गायब व्यक्ति कपिंद्र, पुत्र वीर सिंह, निवासी राजपुरा हल्द्वानी जो अपने परिजनों से यह कहकर घर से निकला गया था कि वह नौकरी की तलाश में दिल्ली जा रहा है परंतु कुछ समय पश्चात कपिंद्र का अपने घरवालों से संपर्क टूट गया। जिसकी तलाश परिजनों द्वारा लगातार की जा रही थी फिर भी कपिंद्र का कोई पता ना चला। लिहाजा कपिंद्र के पिता जी द्वारा अपनी अंतिम उम्मीद लेकर चौकी राजपुरा हल्द्वानी में अपने पुत्र की गुमशुदगी दर्ज कराई गई। उपरोक्त गुमशुदा की सकुशल बरामदगी हेतु श्रीमान क्षेत्राधिकारी महोदय हल्द्वानी के पर्यवेक्षण तथा प्रभारी निरीक्षक कोतवाली हल्द्वानी के दिशा-निर्देशन में उप निरीक्षक दिनेश जोशी चौकी प्रभारी राजपुरा हल्द्वानी द्वारा प्रयास जारी रखते हुए गुमशुदा कपींद्र की पुरानी बैंक पासबुक को चेक कर संबंधित बैंक से पैन कार्ड के जरिए के.वाई.सी. अपडेट कराया गया तो उसमें रूपयो का ट्रांजैक्शन होना पाया गया जो ऑनलाइन फूड डिलीवरी फर्म *जोमेटो* से हो रहा था।

यह भी पढ़ें 👉  अंतर्राष्ट्रीय योग महोत्सव में शामिल हुए Pushkar Singh Dhami, योग को बताया विश्व शांति का सार्वभौमिक विज्ञान।

 

 

जिस पर चौकी प्रभारी राजपुरा द्वारा तत्काल जोमैटो ऑफिस से संपर्क कर उक्त गुमशुदा व्यक्ति के मोबाइल नंबर के बारे में जानकारी की गई तथा जनपद की सर्विलांस टीम के माध्यम से गुमशुदा के मोबाइल नंबर की वर्तमान लोकेशन के आधार पर आज दिनांक 08.08.2022 को गुमशुदा कपिंद्र को गुड़गांव हरियाणा से सकुशल बरामद कर परिजनों के सुपुर्द किया गया। पुलिस द्वारा जब कपिंद्र से उसके गुमशुदा होने का कारण पूछा गया तो उसके द्वारा बताया गया कि वह अपने परिवार का एकमात्र सहारा है।

यह भी पढ़ें 👉  एसएसपी नैनीताल मंजूनाथ टीसी का बड़ा संदेश, जनता का बने भरोसा* *जनपद में एलपीजी व ईंधन की आपूर्ति पूरी तरह सुचारु, अफवाह फैलाने और कालाबाजारी करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई, चप्पे-चप्पे पर पुलिस की सघन चेकिंग जारी*

 

बेरोजगारी के कारण जब वह अपने परिजनों के लिए आर्थिक रूप से कुछ नहीं कर पा रहा था तो वह नौकरी की तलाश में दिल्ली चला गया और जब वहां भी अल्प वेतन पर परिजनों के लिए कोई भी सेविंग नहीं कर पा रहा था तो उसने मजबूरन अपने परिवार से संपर्क छोड़ दिया। फिलहाल अब वह अपने परिजनों से मिलकर बेहद खुश है क्योंकि गुमशुदा कपिंद्र के सकुशल मिलने पर उसकी पत्नी तीन छोटे बच्चे एवं पिताजी के चेहरों पर भी खुशी की झलक साफ देखी जा सकती है।

यह भी पढ़ें 👉  अग्निवीरों के भविष्य पर सरकार का भरोसा, धामी ने दी 10% आरक्षण की जानकारी।

*मीडिया सेल*
*जनपद नैनीताल*।

 

 

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *