आशा कार्यकर्ताओं ने नियमितीकरण और मानदेय बढ़ोतरी की मांग को लेकर दिया धरना।

आशा कार्यकर्ताओं ने नियमितीकरण और मानदेय बढ़ोतरी की मांग को लेकर दिया धरना।

आशा कार्यकर्ताओं ने नियमितीकरण और मानदेय बढ़ोतरी की मांग को लेकर दिया धरना।

 

उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक

आशा कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन (सीटू) के बैनर तले चौघानपाटा स्थित गांधी पार्क में जोरदार धरना दिया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर अपनी नाराजगी जताई।

 

 

मुख्य मांगे:

  1. नियमितीकरण: आशा कार्यकर्ताओं को स्थायी पद पर नियुक्त किया जाए।
  2. मानदेय वृद्धि: आशा कार्यकर्ताओं का मासिक मानदेय Rs. 26,000 किया जाए।
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वक्ताओं ने धरना स्थल पर कहा कि आशा कार्यकर्ता स्वास्थ्य विभाग की रीढ़ हैं और कई वर्षों से सेवाएं दे रही हैं, लेकिन सरकार उनकी मांगों को अनसुना कर रही है। उन्होंने बताया कि उच्चाधिकारियों से कई बार गुहार लगाई जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकला है।

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दिल्ली में प्रदर्शन की चेतावनी:
यदि सरकार ने जल्द ही उनकी मांगें पूरी नहीं कीं तो 29 नवंबर को दिल्ली में बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने जिले की सभी आशा कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे दिल्ली के प्रस्तावित प्रदर्शन में भाग लें।

 

 

धरने में शामिल प्रमुख लोग:
विजयलक्ष्मी, मीना जोशी, आनंदी मेहरा, भगवती, कमला बिष्ट, रूपा देवी, पदमा पांडे, हेमा रानी, आयशा बेगम, गीता जोशी, इंदिरा भंडारी, पुष्पा देवी, सरोजिनी, किरण शाह, ममता वर्मा, ममता भट्ट, अंजलि, ममता आर्य, कविता और सीटू के जिला सचिव आरपी जोशी आदि धरने में मौजूद रहे।

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संभावित कदम:
आशा कार्यकर्ताओं ने सरकार को चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगे नहीं मानी गईं तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।