कवियों की वाणी में देशभक्ति, प्रेम और परिवर्तन का संदेश: सीएम धामी।
उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक
रामनगर/कालाढूंगी। मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने कहा कि कवि केवल शब्दों के निर्माता नहीं होते, बल्कि वे समाज के चिंतक, मार्गदर्शक और प्रेरक भी होते हैं। उनकी रचनाएं समाज को दिशा देने के साथ-साथ सकारात्मक परिवर्तन का माध्यम बनती हैं।
शनिवार को कालाढूंगी स्थित नमस्ते कॉर्बेट रिजॉर्ट, धनपुर धमोला में आयोजित ललित फाउंडेशन के पंचम अधिवेशन “अभिव्यंजना 5.0” का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह केवल कवि सम्मेलन नहीं, बल्कि विचारों, भावनाओं और सृजनशीलता का उत्सव है। उन्होंने कहा कि जब समाज चुनौतियों और उलझनों से घिरता है, तब कवि अपनी लेखनी से नई राह दिखाने का कार्य करता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत के स्वतंत्रता संग्राम में कवियों और साहित्यकारों की रचनाओं ने जनमानस में देशभक्ति और स्वतंत्रता की भावना जगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उन्होंने मंच पर उपस्थित प्रख्यात कवियों की सराहना करते हुए कहा कि Dr. Kumar Vishwas ने अपनी विशिष्ट शैली से कविता को नई पहचान दी है, जबकि Ashok Chakradhar की रचनाएं हास्य, व्यंग्य और सामाजिक सरोकारों का अद्भुत संगम प्रस्तुत करती हैं। वहीं Hariom Pawar की ओजस्वी कविताएं राष्ट्रभक्ति और जनजागरण का सशक्त संदेश देती हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड सदियों से साहित्य, संस्कृति और सृजन की भूमि रही है। हिमालय की गोद में बसी इस पावन धरती ने Sumitranandan Pant, Chandra Kunwar Bartwal, Shailesh Matiyani, Gaura Pant Shivani और Mohan Upreti जैसे अनेक साहित्यकार और लोकचिंतक दिए हैं, जिन्होंने अपनी लेखनी और सृजन से समाज को नई दिशा प्रदान की।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने समाज और साहित्य के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कवियों, कवित्रियों और साहित्यकारों को सम्मानित भी किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल व्यक्तियों का नहीं, बल्कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने वाली सोच का सम्मान है।
इस अवसर पर विधायक Banshidhar Bhagat, Kumar Vishwas, Ashok Chakradhar, Hariom Pawar सहित देशभर से आए कवि, साहित्यकार एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री के आईआरबी बेलपड़ाव पहुंचने पर जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों ने उनका भव्य स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने इस दौरान आईआरबी जवानों के बच्चों से भी मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया।




