नाबालिग किशेरी को गोद लिये जाने के बाद जिस परिवार ने पनाह दी उन्हीं के बेटों ने उसकी अस्मत लूट ली।

रोशनी पाण्डेय –  सह सम्पादक 

कानपुर – नाबालिग बहन के साथ भाईयों ने की ऐसी घिनौनी हरकत की पढ़कर कांप जाएगी रूह।

पांच साल पहले बांदा की नाबालिग किशेरी को गोद लिये जाने के बाद जिस परिवार ने पनाह दी उन्हीं के बेटों ने उसकी अस्मत लूट ली। बजरिया थाना पुलिस ने आरोपित भाइयों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है लेकिन पीड़िता ने तहरीर में पांच साल तक खुद पर हुई हैवानियत की रुह कंपा देने वाली कहानी बयां की है।

 

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पिता से नहीं मिलने के लिए किशोरी ने काटी थी नस

मूलरूप से बांदा के रहने वाले पिता ने मां के निधन के बाद बेटी को अनाथालय में छोड़ दिया था। करीब पांच साल पहले कानपुर बजरिया में रहने वाले दंपती उसे गोद लेकर घर ले आए थे। बाद में उसे यतीमखाने में छोड़ दिया था, जहां पर आए पिता से न मिल पाने से क्षुब्ध किशोरी ने हाथ की नस काट ली थी। उर्सला में भर्ती पुलिस ने जब बयान लिये तो उसकी दर्दनाक कहानी सुनकर पैरों तले जमीन खिसक गई। उसकी तहरीर पर पुलिस ने दुष्कर्म, पाक्सो, छेड़छाड़ धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करके गोद लेने वाले परिवार के सगे भाइयों को गिरफ्तार करके जेल भेजा है।