महिला तांत्रिक बच्चे की बलि देने जा रही थी, पुलिस ने किया गिरफ्तार।

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रोशनी पाण्डेय – सह सम्पादक

केरल में मानव बलि देने के तीनों आरोपियों को कोर्ट ने 12 दिन की हिरासत में भेज दिया है। इस मामले की जांच करने के लिए केरल पुलिस ने एक विशेष टीम बनाई है। बता दें कि तांत्रिक शफी के कहने पर भगवल सिंह और लैला नाम के दंपत्ति ने दो महिलाओं को बेरहमी से मार दिया था। इसके बाद उनके शवों के साथ भी खिलवाड़ किया गया। अब पथानामथिट्टा जिले से ही एक महिला तांत्रिक को भी हिरासत में लिया गया है। वह एक बच्चे को लेकर तंत्र-मंत्र कर रही थी।

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महिला तांत्रिक की हरकत पता चलने के बाद लोगों ने पुलिस को सूचना दी। हालांकि पुलिस तुरंत ऐक्शन नहीं लिया। लोगों ने महिला तांत्रिक की गिरफ्तारी को लेकर  प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि तंत्र-मंत्र के दौरान बच्चा बेहोश हो गया था।

 

 

लोगों का कहना है कि लंबे समय से उसने स्थानीय लोगों को परेशान कर रखा था। जब कोई आवाज उठाने की कोशिश करता था तब वह श्राप देने की धमकी देती थी। महिला का नाम शोभना उर्फ बसंती बताया जा रहा है। गौरतलब है कि कोच्चि में दिल दहलाने वाली घटना सामने आई थी। यहां मोहम्मद शफी ने एक दंपत्ति को धन का लालच देकर उनसे नरबलि दिलवाई। दो महिलाओं को पैसे और ऐक्टिंग का लालच देकर लाया गया और उनके 56 टुकड़े कर दिए गए। आरोप है कि तीनों ने मिलकर इंसान का मांस खाया।

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अब केरल में अंधविश्वास को लेकर सख्त कानून बनाने की मांग की जा ही है। सत्तारूढ़ मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने भी इस घटना की निंदा की और कहा कि राज्य में अब नए कानून की जरूरत है। वहीं भाजपा ने वामपंथी सरकार पर सवाल उठाए हैं। भाजपा का कहना है कि राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराध तेजी से बढ़े हैं और राज्य सरकार कानून व्यवस्था लागू करने में सफल नहीं हो पा रही है।

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