महाविद्यालय में कार्यशाला का हुआ समापन।

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गुरजोत सिंह राठौर – संंवाददाता 

रामनगर।पीएनजी राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय में पांच दिन से चल रही कार्यशाला का समापन हो गया है। मुख्यमंत्री नवाचार योजना के अंतर्गत हिमालय औषधीय ज्ञान केंद्र के द्वारा आयोजित पांच दिवसीय कार्यशाला का समापन मुख्य अतिथि निदेशक उच्च शिक्षा उत्तराखंड डॉ.संदीप शर्मा द्वारा किया गया।उन्होंने विभिन्न संकायों के प्रतिभागी छात्र छात्राओं को उद्यमिता एवं कौशल विकास पर ध्यान देते हुए हिमालयी औषधियों में रोजगार की सम्भावनाओं को अपनाने को कहा तथा महाविद्यालय में किए जा रहे विभिन्न क्रियाकलापों की सराहना की।

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कार्यशाला के समापन से पूर्व के दो सत्रों में में जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ.आशुतोष पंत ने औषधीय पौधों के गुणों एवं उनकी उपयोगिता पर विस्तृत जानकारी छात्रों को प्रदान की। विशिष्ट अतिथि पूर्व वन क्षेत्राधिकारी मदन सिंह बिष्ट ने विभिन्न प्रकार की औषधीय पौधों के उत्पादन तथा प्रसंस्करण की जानकारी देते हुए महाविद्यालय में औषधि वाटिका स्थापित करने हेतु सहयोग देने का पूर्ण आश्वासन प्रदान किया। अंत में प्राचार्य प्रो.एम.सी.पाण्डे ने सभी का धन्यवाद ज्ञापन किया। उन्होंने औषधि पौधों के उत्पादन,निर्माण एवं विपणन की आवश्यकता पर बल देते हुए प्राकृतिक पारंपरिक औषधीय संपदा के संरक्षण एवं संवर्धन की आवश्यकता पर अपने विचार व्यक्त किए।

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इस कार्यशाला में कला, विज्ञान एवं वाणिज्य संकाय के 40 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया।जिनको कार्यशाला में औषधि पौधों की जानकारी, उनके उत्पादन तथा विपणन के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम का संचालन डॉ.जी.सी.पंत ने किया तथा पांच दिवसीय आख्या डॉ.प्रकाश सिंह बिष्ट ने प्रस्तुत की। कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापक व छात्र छात्राएं उपस्थित रहे।

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