पुष्कर सिंह धामी के विज़न को रफ्तार, आवास योजनाओं में पारदर्शिता और तकनीकी नवाचार पर सख्ती।
उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक
देहरादून।
पुष्कर सिंह धामी के विज़न के अनुरूप प्रदेश में सुनियोजित, पारदर्शी और तकनीक आधारित शहरी विकास को गति देने के लिए आवास विभाग ने सख्त कदम उठाए हैं। सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने शुक्रवार को विभागीय योजनाओं की व्यापक समीक्षा करते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी परियोजनाओं का क्रियान्वयन समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और जवाबदेही के साथ सुनिश्चित किया जाए।
राजीव गांधी बहुउद्देशीय कॉम्प्लेक्स का औचक निरीक्षण
सचिव आवास ने डिस्पेंसरी रोड स्थित राजीव गांधी बहुउद्देशीय कॉम्प्लेक्स में संचालित विभिन्न कार्यालयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यप्रणाली, लंबित प्रकरणों और जनसुविधाओं का जायजा लेते हुए उन्होंने अधिकारियों को पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
ऑनलाइन मानचित्र स्वीकृति प्रणाली ‘ईज एप’ को सरल बनाने के निर्देश
समीक्षा बैठक में ऑनलाइन मानचित्र स्वीकृति प्रणाली ‘ईज एप’ को जिला स्तरीय विकास प्राधिकरणों से एकीकृत करने के निर्देश दिए गए। नागरिकों की सुविधा के लिए चैटबॉट विकसित करने तथा एप को एक सप्ताह के भीतर अधिक सरल और उपयोगकर्ता अनुकूल बनाने को कहा गया।
लैण्ड पूलिंग और टाउन प्लानिंग स्कीम को प्राथमिकता
सचिव आवास ने लैण्ड पूलिंग एवं टाउन प्लानिंग स्कीम के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु प्राथमिकता वाले क्षेत्रों का चिन्हीकरण करने को कहा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सुनियोजित शहरी विस्तार के लिए इन योजनाओं का प्रभावी संचालन अत्यंत आवश्यक है।
प्रधानमंत्री आवास योजना की प्रगति पर सख्ती
प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने सभी परियोजनाएं निर्धारित समयसीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। लाभार्थियों को ऋण वितरण में आ रही समस्याओं के समाधान के लिए बैंकर्स के साथ शीघ्र बैठक आयोजित करने को कहा गया, ताकि कोई पात्र लाभार्थी वंचित न रहे।
पार्किंग परियोजनाएं और डिकंजेशन पॉलिसी
शहरी क्षेत्रों में बढ़ते यातायात दबाव को देखते हुए पार्किंग परियोजनाओं की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने तथा डिकंजेशन एंड रिडेवलपमेंट पॉलिसी शीघ्र तैयार करने के निर्देश दिए गए।
जीआईएस आधारित महायोजनाओं पर जोर
महायोजनाओं के निर्माण में जीआईएस प्रणाली को अनिवार्य रूप से लागू करने और यूसेक के माध्यम से सत्यापन कराने पर बल दिया गया। सचिव आवास ने कहा कि आधुनिक तकनीक से ही दीर्घकालिक और संतुलित विकास संभव है।
आलयम आवासीय योजना का स्थलीय निरीक्षण
समीक्षा के बाद सहस्त्रधारा रोड स्थित मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण की आलयम आवासीय योजना का स्थलीय निरीक्षण किया गया। परियोजना को समयसीमा में पूर्ण करने और निर्माण गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।
सचिव आवास डॉ. आर. राजेश कुमार ने कहा कि राज्य में विकास केवल आधारभूत संरचनाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि पारदर्शी प्रशासन, तकनीक आधारित सेवाएं और जनसुविधाओं का सुदृढ़ विस्तार भी प्राथमिकता है। सभी विकास प्राधिकरणों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि योजनाओं का क्रियान्वयन तय समयसीमा में और उच्च गुणवत्ता के साथ किया जाए, ताकि उत्तराखंड को सुव्यवस्थित और नागरिक-अनुकूल शहरी विकास का मॉडल बनाया जा सके।






