देवखड़ी नाले में बाढ़ की मॉक ड्रिल: आपदा प्रबंधन की तत्परता से सफल रहा राहत-बचाव अभ्यास।

ख़बर शेयर करें -

देवखड़ी नाले में बाढ़ की मॉक ड्रिल: आपदा प्रबंधन की तत्परता से सफल रहा राहत-बचाव अभ्यास।

 

उधम सिंह राठौर – प्रधान संपादक

नैनीताल, पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के दृष्टिगत नैनीताल जनपद की तहसील हल्द्वानी के अंतर्गत देवखड़ी नाले में आज प्रातः 9:15 बजे बाढ़ एवं जलभराव की मॉक ड्रिल आयोजित की गई। इस मॉक अभ्यास का उद्देश्य बाढ़ जैसी आपदाओं के दौरान जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग की तत्परता एवं समन्वय क्षमता का परीक्षण करना था।

यह भी पढ़ें 👉  *🚨 NEET-2026 पुनर्परीक्षा पर नैनीताल पुलिस का अभेद्य सुरक्षा घेरा* *एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टी.सी. ने किया पुलिस बल को ब्रीफ, 11 केंद्रों के 100 मीटर दायरे में परीक्षार्थियों के अलावा किसी को अनुमति नहीं, नकल माफिया और सॉल्वर गैंग पर पैनी नजर*

अभ्यास के तहत यह परिकल्पित किया गया कि मूसलाधार बारिश से सूखे नाले में अचानक जल स्तर बढ़ने के कारण बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। घटना की सूचना मिलते ही जिला आपदा नियंत्रण कक्ष नैनीताल में आईआरएस प्रणाली सक्रिय कर दी गई, साथ ही हल्द्वानी तहसील स्तर पर भी त्वरित प्रतिक्रिया टीमों को सतर्क किया गया।

जिलाधिकारी एवं जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की अध्यक्ष श्रीमती वंदना ने जिला आपदा परिचालन केंद्र से पूरे अभियान की निगरानी करते हुए अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने घटना स्थल पर राहत एवं बचाव कार्यों को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराने हेतु विस्तृत कार्य योजना तैयार करने के निर्देश भी दिए।

यह भी पढ़ें 👉  आरटीई प्रवेश प्रक्रिया में बरती जाए पारदर्शिता, विद्यालयों में समय पर पूरी हों आधारभूत सुविधाएं: दीपक रावत।

घटना के तुरंत बाद हल्द्वानी तहसील कार्यालय में स्टेजिंग एरिया तैयार किया गया, जहां से बचाव टीमों को मौके पर रवाना किया गया। मॉक अभ्यास के तहत 6 “घायलों” को नाले क्षेत्र से सुरक्षित निकाला गया, जिनमें से 4 को प्राथमिक उपचार दिया गया, जबकि 2 गंभीर “घायलों” को 108 एम्बुलेंस सेवा से सुशीला तिवारी चिकित्सालय भेजा गया।

इस दौरान जेसीबी मशीनों की सहायता से मलबा हटाने का कार्य भी किया गया। मॉक ड्रिल में जनहानि शून्य रही। प्रभावित लोगों को पास के राहत शिविरों में पहुंचाया गया, जहां उन्हें भोजन, पेयजल एवं आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई।

यह भी पढ़ें 👉  खटीमा में मुख्यमंत्री धामी की “प्रगति पथ यात्रा” में उमड़ा जनसैलाब, हजारों लोगों ने लिया हिस्सा

यह मॉक ड्रिल जिला प्रशासन की आपदा प्रबंधन की तैयारियों को दर्शाती है और यह सुनिश्चित करती है कि किसी भी वास्तविक आपदा की स्थिति में त्वरित और समन्वित ढंग से राहत और बचाव कार्य किया जा सके।


ख़बर शेयर करें -