पीड़ितों की सुनवाई के लिए खुलें है डीआईजी के दरवाजे।

रोशनी पांडेय – सह सम्पादक

हल्द्वानी अब अगर स्थानीय पुलिस आपकी नहीं सुन रहीं हैं तो आप कुमाऊं मंडल के डीआईजी के दरवाजे पर दस्तक दे सकते हैं। धोखाधड़ी के मामलों का निष्पादन करने के लिए डीआईजी कुमाऊं डॉ निलेश आनंद भरणे ने एस आई टी का गठन किया है।इसका कार्यलय हल्द्वानी स्थित अपने कैप कार्यलय में डीआईजी ने स्थापित किया है।

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डीआईजी कुमाऊं डॉ निलेश आनंद भरणे ने जानकारी देते हुए बताया कि मौजूदा समय में साइबर फ्राड बढ़ रहें हैं। भूमि और भवन खरीदने और बेचने के नाम पर लोगों से ठगी की जा रही है। भू-माफिया नौकरी का झांसा, विदेश भेजने के नाम पर,बीमा योजना, चिटफंड या अन्य विभिन्न तरह के झांसे देकर धोखाधड़ी की शिकायत पीड़ित स्वयं कैप कार्यलय आकर या दूरभाष के जरिए या डाक द्वारा करा सकते हैं।

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डीआईजी कुमाऊं ने शिकायत करने के लिए जारी फोन नंबर 05946-283601 जारी किया है। डीआईजी ने भवाली में सवा लाख रुपए की धोखाधड़ी के मामले में तुरंत रिपोर्ट दर्ज के निर्देश दिए हैं। यहां ठगी का शिकार पीड़ित पिछले दो साल से स्थानीय पुलिस के चक्कर लगा रहा था।