निजी स्कूलों की मनमानी पर डीएम का बड़ा एक्शन! अब लौटानी होगी अतिरिक्त फीस, मनमानी वसूली पर लाखों का जुर्माना और मान्यता रद्द करने की चेतावनी।

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निजी स्कूलों की मनमानी पर डीएम का बड़ा एक्शन! अब लौटानी होगी अतिरिक्त फीस, मनमानी वसूली पर लाखों का जुर्माना और मान्यता रद्द करने की चेतावनी।

 

 

उधम सिंह राठौर -प्रधान सम्पादक

 

नैनीताल। निजी विद्यालयों की मनमानी फीस वसूली पर नैनीताल प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल के निर्देश पर शिक्षा विभाग ने सभी निजी स्कूलों के लिए नई शुल्क व्यवस्था लागू कर दी है। अब स्कूलों को अभिभावकों से ली गई अतिरिक्त फीस वापस करनी होगी और मनमानी शुल्क वसूली पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

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मुख्य शिक्षा अधिकारी गोविन्द राम जायसवाल ने बताया कि कई निजी विद्यालय प्रवेश शुल्क, विकास शुल्क, परीक्षा शुल्क और अन्य मदों में नियमों के विरुद्ध अतिरिक्त राशि वसूल रहे थे। नए आदेश के तहत शिक्षण एवं परीक्षा शुल्क के अलावा किसी भी प्रकार की मनमानी वसूली नहीं की जा सकेगी। विकास शुल्क भी न्यूनतम रखा जाएगा और इसके लिए अभिभावक-शिक्षक संघ (PTA) की मंजूरी अनिवार्य होगी।

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प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि निजी विद्यालय तीन वर्षों में अधिकतम 10 प्रतिशत तक ही फीस बढ़ा सकेंगे। साथ ही, पूरे सत्र में सीमित परीक्षाएं आयोजित होंगी और परीक्षा शुल्क भी निर्धारित सीमा से अधिक नहीं लिया जा सकेगा। टीसी शुल्क केवल एक रुपये तय किया गया है।

 

 

 

सबसे बड़ा फैसला यह है कि सत्र 2026-27 में विभिन्न मदों में वसूली गई अतिरिक्त फीस का समायोजन 1 जुलाई की फीस से किया जाएगा। यदि अतिरिक्त राशि अधिक होगी तो उसे आगामी महीनों की फीस में समायोजित करना होगा।

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जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने कहा कि शिक्षा के नाम पर अभिभावकों का आर्थिक शोषण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आदेशों का उल्लंघन करने वाले विद्यालयों पर 1 लाख से 5 लाख रुपये तक का जुर्माना, मान्यता निरस्त करने और एनओसी रद्द करने जैसी सख्त कार्रवाई की जाएगी।

इस फैसले से जिले के हजारों अभिभावकों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।


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